24 January 2021 10:34 PM

ख़बरमंडी न्यूज़, बीकानेर। कोविड मैनेजमेंट के तहत हुई निविदा नर्सिंग भर्ती में बड़े भ्रष्टाचार की बात सामने आ रही है। अक्टूबर माह में हुए इस टेंडर के तहत नौकरी को लालायित नर्सिंग कर्मियों के आर्थिक शोषण सहित उच्च न्यायालय के आदेशों की अवहेलना का आरोप है। इस ठेके के तहत पचास नर्सिंग कर्मियों की भर्ती होनी थी। लेकिन अभी तक प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है। सूत्रों के मुताबिक ठेकेदार अमीन रमजान कॉन्ट्रैक्टर ने पचास की सूची तय की थी, जिसे सीएमएचओ डॉ सुकुमार कश्यप ने अप्रूव्ड करते हुए 9 जनवरी को ज्वाइनिंग करवाने के आदेश जारी किए। ठेकेदार को दिए इस आदेश में पचास नर्सिंग को सात दिवस के भीतर पीबीएम में ज्वाइनिंग करवानी थी। लेकिन इसी बीच 11 जनवरी को उच्च न्यायालय के आदेश के साथ कलेक्टर को एक ज्ञापन दिया गया। करीब सात माह पूर्व सात नर्सिंग कर्मियों ने राज्य सरकार, पीबीएम अधीक्षक, प्रिंसिपल, कलेक्टर व सीएमएचओ को पार्टी बनाते हुए हाइकोर्ट में रिट पिटीशन लगाई थी। जिस पर सुनवाई करते हुए हाइकोर्ट ने जब भी भर्ती निकले तब सातों याचिकर्ताओं को प्राथमिकता से नौकरी देने के आदेश फरमाए। ज्ञापन में इसी आदेश का हवाला दिया गया। इस पर कलेक्टर ने सीएमएचओ सुकुमार को आदेश की पालना करवाने के आदेश दिए। इसी बीच पचास की लिस्ट हवा हो गई। अब बताया जा रहा है कि ठेकेदार अमीन ने पचास की जगह पैंतीस नाम फाइनल किए हैं, जिन्हें एक-एक दो-दो करके ज्वाइनिंग करवाई जा रही है।
बताया जा रहा है कि इस पूरी प्रक्रिया में पैसे का लेन देन भी हुआ है। सूत्रों के मुताबिक मामले में राज बड़े गहरे हैं।
RELATED ARTICLES
09 November 2021 03:58 PM