15 March 2026 10:30 PM

ख़बरमंडी न्यूज़, बीकानेर। 8 मार्च की रात दुकानदार से मारपीट का मामला अभी ठंडा हुआ ही था कि नयाशहर पुलिस पर एक और गंभीर आरोप लग गया है। इस बार नयाशहर पुलिस पर पीड़ित पक्ष की दो महिलाओं व एक पुरुष को गिरफ्तार कर लेने का आरोप है। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से सुरक्षा मांगी थी मगर पुलिस ने पीड़ित को ही सलाखों के पीछे डाल दिया। मामला जमीनी विवाद से जुड़ा है।
आरोप है कि नयाशहर पुलिस के एएसआई कोहर सिंह ने रविवार सुबह सुमन सोनी, उसके भाई जगदीश सोनी व जगदीश की पत्नी को गिरफ्तार कर लिया।
ये है मामला : जगदीश का उसके भाई अजय व शंकर के साथ जमीनी विवाद चल रहा है। इसमें जगदीश की मां राधा देवी, जगदीश व उसकी बहन एक पक्ष है। वहीं अजय व शंकर दूसरा पक्ष है। बताया जा रहा है कि आईजीएनपी में कार्यरत मोतीलाल सोनी ने मृत्यु से शंकर को बंगलानगर में मकान बनवाकर दिया। जगदीश को जस्सूसर गेट क्षेत्र में मकान व दुकान दी। वहीं अजय को बंगलानगर में प्लॉट व मकान के लिए पैसे दिए।
पिता की मृत्यु के बाद अजय ने पुश्तैनी मकान जो उसकी मां राधा देवी के नाम से है, उस मकान की मांग शुरू कर दी। फिलहाल यह मामला न्यायालय में विचाराधीन है।
-जगदीश ने मांगी मदद, पुलिस ने पीड़ित को ही डाला लॉकअप में: परिवादी का कहना है कि उसकी जस्सूसर गेट के सामने सोनी इलेक्ट्रिक नाम से दुकान है। कुछ दिनों से अजय दुकान पर आकर धमकाता है, गाली गलौज करता है।कहता है कि मकान मेरे नाम करवाओ वरना दुकान नहीं खोलने दूंगा। जगदीश के अनुसार अजय ने 4 दिन तक दुकान नहीं खोलने दी। इस पर शनिवार को नयाशहर पुलिस को प्रार्थना पत्र दिया। थानाधिकारी ने अधिनस्थ पुलिसकर्मी को आरोपीगणों के खिलाफ कार्रवाई करने हेतु निर्देशित किया। लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई।
रविवार सुबह फिर से परेशानी खड़ी हुई तो जगदीश की बहन सुमन दुकान से थाने के लिए निकली। आरोप है कि थानाधिकारी की अनुपस्थिति में नयाशहर पुलिस स्टाफ ने पीड़ितों को सुरक्षा देने की बजाय सुमन को ही गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद जगदीश को थाने बुलाया। जगदीश व उसकी पत्नी थाने गई तो उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया।
-कोर्ट के आदेश की वजह से बच गई बूढ़ी मां: जगदीश का आरोप है कि उन सबकी गिरफ्तारी के बाद उनकी मां राधा देवी थाने आई। पुलिस से कहा, बदमाशी तो अजय कर रहा है, फिर इनको क्यों पकड़ा है। तब राधा देवी को भी अंदर डालने की बात कही गई। तभी पता चला कि राधा देवी की सुरक्षा के लिए कोर्ट ने नयाशहर पुलिस को पाबंद कर रखा है। ऐसे में पुलिस को कदम पीछे लेने पड़े और राधा देवी गिरफ्तार होने से बच गई।
-सीओ ने लगाई फटकार मगर बेबस पीड़ित परिवार: परिवादी का कहना है कि तीनों को जमानत मिल गई। शिकायत थानाधिकारी व सीओ सिटी तक पहुंची तो एएसआई को फटकार लगाई गई।
इसके बाद शाम को फिर से दुकान खोली गई। अजय फिर से दुकान के आगे आ गया। आरोप है कि पुलिस को सूचना दी तो पुलिस ने अजय पर कार्रवाई करने के बजाय, उसे मौके से चले जाने की हिदायत देते हुए उसे रवाना कर दिया।
-थाना स्टाफ पर मिलीभगत का आरोप: पीड़ित पक्ष का कहना है कि थाने के कुछ लोग आरोपी पक्ष से मिले हुए हैं। वे उसकी मदद करते हैं। जबकि पीड़ितों को गिरफ्तार करते हैं
RELATED ARTICLES
27 October 2021 12:40 PM