15 January 2024 12:15 AM


ख़बरमंडी न्यूज़, बीकानेर। कहते हैं इंसान में संस्कार जब उसके बचपन में ही भर दिए जाते हैं तो बड़ा होकर वह इंसान मानव समाज के लिए बेहद उपयोगी बन पाता है। कला भी एक ऐसा ही संस्कार है जो बचपन से ही भर दिया जाना जरूरी है। बीकानेर की एक नन्ही बेटी भी अब रंग भरने लगी है। पांच वर्षीय रिद्धिसा चांडक ने शुक्रवार को धरणीधर मैदान में आयोजित ऊंट उत्सव के दौरान दी गई नृत्य प्रस्तुति से यह संदेश दे दिया कि वह भविष्य की स्टार है।
रिद्धिसा सांस्कृतिक संध्या के दौरान कत्थक नृत्य की प्रस्तुति दे रहे ग्रुप में शामिल थी। उसने कत्थक शैली में गुरू वंदना व कृष्ण वंदना की। इस दौरान रिद्धिसा भी आकर्षक का केंद्र रही। बता दें कि रिद्धिसा शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ संतोष - अनुराधा चांडक की पुत्री है। वह कत्थक गुरू वीणा जोशी से कत्थक सीख रही है।
RELATED ARTICLES
11 February 2022 07:40 PM